समनापुर जनपद पंचायत अंतर्गत ग्राम पंचायत कुकर्रामठ का मामला…
डिंडौरी,रामसहाय मर्दन। जिले के समनापुर जनपद पंचायत अंतर्गत ग्राम पंचायत कुकर्रामठ के ग्रामीणों के द्वारा विगत दिनों वर्तमान में पदस्थ ग्राम पंचायत सरपंच पर त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में फर्जी तरीके से नाम जुड़वाकर सरपंच पद का लाभ लेने के आरोप लगाते हुए कलेक्टर से शिकायत कर मामले की जांच कराकर ग्राम पंचायत में पदस्थ सरपंच को पद से पृथक करने की मांग की थी, जिसके बाद ग्राम पंचायत के सरपंच के द्वारा भी शिकायतकर्ताओं के खिलाफ जनसुनवाई में ग्राम कुकर्रामठ अतिक्रमण करने मामले में शिकायत की गई। बता दें कि शिकवा शिकायत का यह दौर यही नहीं रुका , आज पुन: ग्राम पंचायत कुकर्रामठ के ग्रामीणों के द्वारा सरपंच के विरुद्ध डिंडौरी एसपी से शिकायत की गई,कि ग्राम पंचायत सरपंच उर्मिला धुर्वे के द्वारा मामले को दबाने उनके खिलाफ झूठी शिकायत की गई है।
ये रहा पूरा मामला
डिंडौरी एसपी से की गई शिकायत पत्र में उल्लेख किया गया है कि दिनांक 08/06/2024 को ग्रामीणों के द्वारा ग्राम पंचायत कुकर्रामठ में सरपंच, सचिव से सूचना के अधिकार के तहत नाडेप निर्माण कार्य , लीज फिट,बाजार वसूली की आय—व्यय एवं पुलिया निर्माण कार्य की जानकारी चाहिए गई थी जिसमें सचिव के द्वारा भ्रामक जानकारी देते हुए दिनांक 28/07/20240 तक सभी दस्तावेज उपलब्ध कराने पावती दिया गया है ।
ग्रामीणों का कहना है कि दिनांक 09/07/2024 को हमारे द्वारा जनसुनवाई में कलेक्टर को आवेदन पत्र के माध्यम से शिकायत किया गया था कि ग्राम पंचायत सरपंच उर्मिला धुर्वे त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव वर्ष 2022-23 में मास्टरमाइंडों के द्वारा षड्यंत्र एवं कूटरचित दस्तावेज तैयार कर ग्राम पंचायत कुकर्रामठ में नाम जुड़वाया कर सरपंच पद का लाभ लिया जा रहा है।
ग्रामीणों का कहना है कि सरपंच ग्राम कुकर्रामठ के निवासी नहीं है इनका आधार कार्ड, समग्र आई.डी., पहचान पत्र , बीपीएल सूची एवं जॉब कार्ड ग्राम कुकर्रामठ का नहीं है। इनका संपूर्ण पहचान दस्तावेज ग्राम बुडरूखी का है हमेशा से ग्राम पंचायत बुडरूखी में ही निवासरत है। ग्रामीणों का आरोप है कि सरपंच का दोनों ग्राम पंचायत के मतदाता सूची में नाम दर्ज है जिसकी शिकायत विगत दिनों जनसुवाई में की गई थी लेकिन अभी तक कोई जांच या कार्रवाई नहीं की गई।
वहीं सरपंच के पति संजय धुर्वे ग्राम पंचायत बुड़रुखी के तत्कालीन सरपंच रह चुके हैं, उनके कार्यकाल के दौरान उनपर भी राशि का गबन करने का प्रमाण पाया गया था परंतु तत्कालीन सचिव से सांठगांठ करके नियम विरुद्ध तरीके से अदेय प्रमाण पत्र प्राप्त किया गया जबकि पति या पत्नी के ऊपर शासकीय राशि गबन होने पर अदेय प्रमाण पत्र जारी नहीं किया जा सकता किंतु गलत तरीके से उर्मिला धुर्वे के द्वारा सरपंच पद का लाभ लिया जा रहा है।
एसपी से की गई शिकायत पत्र में यह भी उल्लेख है कि ग्राम कुकर्रामठ के अतिक्रमण से संबंधित प्रकरण उच्च न्यायालय जबलपुर में विचाराधीन है उक्त उक्त संबंध में हम ग्रामवासियों के द्वारा कोई दबाव या जान से मारने की धमकी नहीं दी गई है। ग्रामीणों का कहना है कि मतदाता सूची में गड़बड़झाला में बचने सरपंच उर्मिला धुर्वे के द्वारा हमारे ऊपर झूठी शिकायत की गई।
आरोप है कि ग्राम के तथाकथित लोगों और सरपंच पति संजय धुर्वे के द्वारा लगातार दबाव बनाया जा रहा है कि आप लोग जो सूचना का अधिकार और जनसुनवाई में शिकायत किया उसे वापस ले लो नहीं तो आदिवासी महिला सरपंच अन्य किसी महिला या पुरुष से फासने की धमकी दिया जा रहा है। वही शिकायत करने आए ग्रामीणों ने डिंडौरी से उक्त सभी बिंदुओं पर सूक्ष्मता से जांच कराकर व दिनांक 09/07/2024 की जनसुनवाई में दिए गए शिकायत की जांच करने व को सूचना के अधिकार के तहत जानकारी प्रदाय करने की मांग की है।



