साईडलुक, भोपाल। मध्यप्रदेश परिवहन विभाग का पूर्व आरक्षक सौरभ शर्मा व उसके साथी चेतन सिंह गौर और शरद जायसवाल की पुलिस रिमांड पूरी हो गई है। 7 दिन की रिमांड के बाद भी लोकायुक्त के हाथ कोई ठोस जानकारी नहीं लगी। मंगलवार को सौरभ शर्मा, चेतन गौर और शरद जायसवाल को लोकायुक्त ने कोर्ट में पेश किया। लोकायुक्त ने अदालत में तीनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजने की मांग की। सभी पक्षों को सुनने के बाद कोर्ट ने सौरभ, चेतन और शरद को 17 फरवरी तक न्यायिक हिरासत में भेजा है।
रिमांड पूरी होने के बाद मंगलवार को सुबह तीनों आरोपियों का हमीदिया हॉस्पिटल में मेडिकल चेकअप कराया। इसके बाद दो गाड़ियों से पुलिस तीनों को लेकर कोर्ट पहुंची। कोर्ट में ईडी और आयकर विभाग के अधिकारी मौजूद रहे। लोकायुक्त के अधिकारियों ने तीनों को न्यायिक हिरासत में भेजने की बात कही। सभी पक्षों को सुनने के बाद अदालत ने सौरभ शर्मा, उसके सहयोगी चेतन सिंह गौर और शरद जायसवाल को 17 फरवरी तक न्यायिक हिरासत में भेजा है।

