डिंडौरी/गाडासरई| शासकीय महाविद्यालय गाड़ासरई करीब 6 वर्ष से संचालित हो रहा है। महाविद्यालय बनने के बाद यहां की सडक़ आज तक नहीं बन पाई। आलम यह है कि मेन रोड से विद्यालय तक का रास्ता बारिश के बाद पूरी तरह कीचड़ से सन जाता है। विद्यार्थी कीचड़ भरे रास्ते से चलने मजबूर होते है। सडक़ निर्माण के लिए अभी तक ठोस प्रयास नहीं किए जा रहे हैं।
महाविद्यालय प्रबंधन सडक़ समस्या को लेकर जिला प्रशासन को कई बार अवगत भी कराया है। इतना ही नहीं विद्यालय की छात्राओं ने भी कलेक्टर को आवेदन दिया है। कुछ दिनों पहले कलेक्टर ने सडक़ का निरीक्षण भी किया था। इसके बाद आगे की कार्रवाई नहीं हुई।
महाविद्यालय में 250 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत…
जानकारी में बताया गया कि महाविद्यालय में 250 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं। बारिश के बाद सडक़ पर दलदल की स्थिति निर्मित हो जाती है। जिसके कारण आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ता है। सडक़ की हालत देखकर बहुत से विद्यार्थी नहीं आ रहे। जिससे महाविद्यालय में छात्रों की उपस्थिति में भी फर्क पड़ा है।
पहले भी की गई अनदेखी…
महाविद्यालय भवन बनने के पहले शिव मंदिर के पीछे अव्यवस्थाओं के बीच महाविद्यालय का संचालन हो रहा था। यहां किसी प्रकार की कोई व्यवस्था नहीं थी। महाविद्यालय के छात्र-छात्राएं व प्राचार्य के अलावा कोई कर्मचारी नहीं थे। उस समय भी परेशानी का सामना करना पड़ता था। समस्या को लेकर पत्रिका ने प्रमुखता से खबर प्रकाशित की थी। जिसके बाद महाविद्यालय का संचालन नवीन भवन में हुआ। महाविद्यालय तो संचालित होने लगा लेकिन यहां तक का पहुंच मार्ग अभी भी बदहाल है।
इनका कहना है”
गाड़ासरई और किकरातालाब ग्राम पंचायत के बीच की जगह का मामला अटका हुआ है, जो निपट गया है, जल्द ही काम चालू हो जाएगा, जिससे छात्र छत्राओं को आवागमन में सुविधा मिल सकेगी।
राज साहू ,सांसद प्रतिनिधि गाड़ासरई महाविद्यालय।



