समनापुर जनपद पंचायत अंतर्गत ग्राम पंचायत कुकर्रामठ का मामला…
डिंडौरी,रामसहाय मर्दन। जिले के समनापुर जनपद पंचायत अंतर्गत ग्राम पंचायत कुकर्रामठ के ग्रामीणों ने वर्तमान में पदस्थ ग्राम पंचायत सरपंच पर त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में फर्जी तरीके से नाम जुड़वाकर सरपंच पद का लाभ लेने के आरोप लगाते हुए कलेक्टर से शिकायत कर मामले की जांच कराकर ग्राम पंचायत में पदस्थ सरपंच को पद से पृथक करने की मांग की है।
ये रहा पूरा मामला…
वैसे तो ग्राम पंचायत कुकर्रामठ में आए दिन चैंकाने वाले मामले सामने आते रहते है। बता दे कि एक बार फिर ग्राम पंचायत के सर्वोच्च पद ग्राम प्रधान के चुनाव में फर्जी तरीके से नाम जुड़वाकर सरपंच पद का लाभ लेने का मामला सामने आया है।
दरअसल ग्राम पंचायत कुकर्रामठ के ग्रामीणों ने ग्राम पंचायत में पदस्थ सरपंच पर त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में फर्जी तरीके से नाम जुड़वाने के गंभीर आरोप लगाते हुए कलेक्टर विकास मिश्रा से शिकायत की है, जिसमें उल्लेख किया गया है कि त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव 2022—2023 में षडयंत्र पूर्वक निर्वाचन सूची में ग्राम पंचायत कुकर्रामठ के मतदाता सूची वार्ड क्रमांक 14 भाग संख्या 85 के अनुक्रमांक 1225/ZYN 4825642 के गृह क्रमांक 219 ख मतदाता का नाम मतदाता का नाम उर्मिला धुर्वे पति संजय धुर्वे महिला वर्ग एसटी उम्र 26 वर्ष का नाम उक्त मकान में कूटरचित दस्तावेज तैयार कर नाम जुड़वाया गया है।
जबकि सरपंच उर्मिला धुर्वे ग्राम पंचायत बुडरूखी के निवासी है जिसका मतदाता सूची में वार्ड क्रमांक 08 भाग संख्या 86 के क्रमांक 775/ZYN 32228882 गृह क्रमांक 134 महिला उम्र 33 वर्ष वर्ग एसटी अपने परिवार के साथ सूची में प्रदर्शित है। साथ ही ग्राम पंचायत कुकर्रामठ में इनका रहन-सहन व मकान नहीं है आधार कार्ड, समग्र आईडी,जॉब कार्ड, परिचय पत्र सहित अन्य दस्तावेज नहीं है।
बीएलओ पर फर्जी तरीके से दस्तावेज तैयार करने के आरोप….
ग्रामीणों का आरोप है कि कुकर्रामठ और साधुराम टोला में पदस्थ बीएलओ के द्वारा इनका नाम मतदाता सूची में नहीं जोड़ा गया है। शिकायत करने आए ग्रामीणों का कहना है कि वर्तमान समय में यह जानकारी मिली है कि सरपंच और सरपंच पति व ग्राम कुकर्रामठ के कुबेर सिंह ठाकुर, गणेश सिंह ठाकुर दोनों शासकीय शिक्षकों के द्वारा कूटरचित दस्तावेज तैयार कर फर्जी तरीके से ग्राम पंचायत कुकर्रामठ का निवासी न होते हुए भी इनका नाम इनका नाम जुड़वाया गया है।
ग्राम पंचायत बुडरूखी की मूल निवासी है वर्तमान सरपंच…
ग्रामीणों का कहना हैं कि वर्तमान सरपंच उर्मिला धुर्वे ग्राम पंचायत बुडरूखी की मूल निवासी है। सरपंच के पति संजय धुर्वे वर्ष 2015 के त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में चुनाव जीतकर ग्राम पंचायत बुडरूखी सरपंच रहे है। जहां सरपंच संजय धुर्वे के कार्यकाल में ग्रामीणों के द्वारा वित्तीय अनियमिता करने की शिकायत की गई थी जहां जांच में संजय धुर्वे दोषी पाया गया था और 70167 रू. रिकवरी आया था।
तत्कालीन सचिव पर नियम विरुद्ध अदेय प्रमाण पत्र देने का आरोप….
शिकायत करने आए ग्रामीणों का कहना हैं कि शासकीय राशि गवन कर्ता पति या पत्नी को चुनाव लडने का अधिकार नहीं है। तत्कालीन सचिव के द्वारा सांठगांठ कर ग्राम पंचायत के कुबेर सिंह ठाकुर एवं गणेश सिंह ठाकुर दोनों शासकीय शिक्षक एवं सरपंच पति के द्वारा अदेय प्रमाण पत्र जारी करवाकर नियम विरुद्ध तरीके से सरपंच पद का लाभ प्राप्त किया गया है। शिकायत करने आए ग्रामीणों ने कलेक्टर से उक्त सभी बिंदुओं पर सूक्ष्मता से जांच कराकर कूटरचित दस्तावेज तैयार कर सरपंच पद के लाभ लेने वाले सरपंच और सरपंच पति के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए पद से हटाने की मांग की है।



