मंगलवार को 122 आवेदनों पर हुई सुनवाई, 43 पुराने प्रकरण फिर पहुंचे, अतिक्रमण से लेकर नामांतरण और धान भुगतान तक की शिकायतें, अधिकारियों को त्वरित निराकरण के निर्देश
साईडलुक, जबलपुर। कलेक्टर कार्यालय में मंगलवार को आयोजित साप्ताहिक जनसुनवाई में लोगों की भारी भीड़ उमड़ी। कलेक्टर राघवेंद्र सिंह ने खुद एक-एक फरियादी की समस्या को गंभीरता से सुना और मौके पर मौजूद संबंधित विभागों के अधिकारियों को समय सीमा में निराकरण के सख्त निर्देश दिए। आज की जनसुनवाई में कुल 122 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें 43 ऐसे आवेदन भी शामिल थे जो दूसरी या तीसरी बार अपनी समस्या लेकर कलेक्ट्रेट पहुंचे थे।
जनसुनवाई में आए आवेदनों में सबसे ज्यादा मामले राजस्व से जुड़े रहे। लोगों ने अतिक्रमण हटाने, सीमांकन कराने, रिकॉर्ड में सुधार, नामांतरण और मालिकाना हक दिलाने की गुहार लगाई। इसके अलावा अनुग्रह सहायता राशि, जर्जर मकानों की मरम्मत, धान का भुगतान नहीं होने और बैंक शाखाओं से संबंधित शिकायतें भी बड़ी संख्या में सामने आईं। कलेक्टर ने सभी आवेदनों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित एसडीएम, तहसीलदार और विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि हर आवेदन पर की गई कार्रवाई की जानकारी आवेदक को भी दी जाए। उन्होंने दोबारा आए 43 आवेदनों पर विशेष ध्यान देते हुए पूछा कि आखिर इनका निराकरण अब तक क्यों नहीं हो पाया।
कलेक्टर ने कहा कि जनसुनवाई केवल औपचारिकता नहीं है, बल्कि शासन और जनता के बीच सीधा संवाद है। इसमें लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि वे अपने विभाग से संबंधित आवेदनों का निराकरण प्राथमिकता के आधार पर करें और यदि कोई मामला वरिष्ठ कार्यालय से संबंधित है तो उसे तत्काल भेजा जाए।
इस दौरान अपर कलेक्टर रविशंकर राय, ए के सिंह, शैलेंद्र सिंह, डिप्टी कलेक्टर हिमांशु सोनी सहित सभी संबंधित विभागों के जिला अधिकारी उपस्थित रहे।

