ढाई घंटे तक चले प्रदर्शन में उठे ‘शोषण बंद करो’ के नारे, 7 दिन का अल्टीमेटम: छात्र नेता बोले – गरीब छात्रों से हो रहा अन्याय
साईडलुक, जबलपुर। रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय (RDVV) में फीस में बेतहाशा बढ़ोतरी और प्रशासनिक अनियमितताओं के खिलाफ भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (NSUI) ने सोमवार को उग्र प्रदर्शन किया। करीब ढाई घंटे तक चले इस प्रदर्शन से विश्वविद्यालय परिसर में भारी तनाव का माहौल बन गया।
NSUI कार्यकर्ताओं का आरोप है कि विश्वविद्यालय प्रबंधन ने सामान्य और व्यावसायिक पाठ्यक्रमों की फीस मनमाने ढंग से बढ़ा दी है। प्रदर्शन के दौरान जब कोई भी प्रशासनिक अधिकारी छात्रों से मिलने नहीं पहुंचा तो आक्रोशित कार्यकर्ताओं ने कुलपति के वाहन पर ज्ञापन चस्पा कर दिया। इस दौरान ज्ञापन चिपकाने को लेकर NSUI कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच हल्की झड़प भी हुई।
कॉकरोच के पोस्टर लेकर अनोखा विरोध
प्रदर्शनकारियों ने विश्वविद्यालय में व्याप्त गंदगी और अव्यवस्थाओं को उजागर करने के लिए हाथों में कॉकरोच के पोस्टर ले रखे थे। साथ ही ‘फीस वृद्धि वापस लो’ और ‘छात्रों का शोषण बंद करो’ के नारे लिखी तख्तियां भी लहराई गईं। NSUI का कहना है कि डिग्री, माइग्रेशन और परीक्षाओं में भी भारी अनियमितताएं व्याप्त हैं।
‘गरीब छात्रों का उच्च शिक्षा से मोहभंग हो रहा’: छात्र नेता
छात्र नेता अनुराग शुक्ला ने कहा कि सरकार और विश्वविद्यालय प्रशासन की छात्र विरोधी नीतियों के कारण गरीब और मध्यमवर्गीय छात्रों का उच्च शिक्षा से मोहभंग हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि विश्वविद्यालय प्रशासन पूरी तरह निरंकुश हो चुका है। शुक्ला ने कहा: “एक तरफ फीस बढ़ाकर छात्रों की जेब पर डाका डाला जा रहा है, वहीं दूसरी तरफ कुलपति छात्रों से मिलने की बजाय सुरक्षा के घेरे में छिपे रहते हैं।”
7 दिन का अल्टीमेटम, आंदोलन तेज करने की चेतावनी
NSUI ने चेतावनी दी है कि अगर 7 दिन के भीतर फीस वृद्धि वापस नहीं ली गई और समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो संगठन उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होगा। अनुराग शुक्ला ने कहा कि जब तक बढ़ी हुई फीस वापस नहीं ली जाती और छात्र विरोधी नीतियां बंद नहीं होतीं, तब तक NSUI का आंदोलन जारी रहेगा। इसकी पूरी जिम्मेदारी विश्वविद्यालय प्रशासन की होगी।
प्रदर्शन में ये रहे शामिल
इस प्रदर्शन में प्रदेश सचिव एजाज अंसारी, प्रतीक गौतम, शफी खान, राहुल यादव, अंकित शुक्ला, वकार खान, अंकित कोरी, हेमंत द्विवेदी, युग ठाकुर, ऐश्वर्या नाहर, अनिकेत तिवारी, ऋषि यादव, विवेक पांडेय, सोनू मराठी सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं और NSUI पदाधिकारी शामिल रहे।
पृष्ठभूमि: पहले भी उठ चुके हैं फीस वृद्धि के मुद्दे
रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय में फीस वृद्धि को लेकर छात्र संगठनों का विरोध कोई नया नहीं है। पिछले वर्षों में भी विभिन्न छात्र संगठनों द्वारा फीस बढ़ोतरी के खिलाफ समय-समय पर प्रदर्शन किए जाते रहे हैं। छात्रों का आरोप है कि हर शैक्षणिक सत्र में बिना किसी ठोस कारण के फीस में इजाफा कर दिया जाता है, जिससे आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के छात्रों पर अतिरिक्त बोझ पड़ता है। विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है कि संसाधनों के रखरखाव और गुणवत्ता सुधार के लिए फीस में मामूली बदलाव जरूरी होते हैं।

