डिंडौरी, राठौर रामसहाय मर्दन| सेन्ट्रल बैंक ऑफ इंडिया की एक शाखा में कार्यरत रहे एक सफाई कर्मचारी ने बैंक मैनेजर पर गंभीर आरोप लगाते हुए जिला दंडाधिकारी को शिकायत पत्र सौंपा है। ग्राम मेंहदवानी निवासी अजय दास लारिया ने बैंक प्रबंधन और कुछ अधिकारियों पर भ्रष्टाचार, धमकी, तथा शोषण के गंभीर आरोप लगाए हैं।
ये रहा पूरा मामला
दरअसल पीड़ित के द्वारा की गई शिकायत पत्र में उल्लेख किया गया है कि वे अक्टूबर 2012 से बैंक में सफाई, पानी लाने तथा फाइलों के प्रबंधन का कार्य कर रहे थे। वर्ष 2021 से बैंक में कार्यरत कुछ बैंक मैनेजरों द्वारा उन्हें विभिन्न ऋण प्रकरणों में अवैध रूप से लेन-देन करने के लिए विवश किया गया। आरोप है कि बैंक के मैनेजर ऋण स्वीकृति के बदले आवेदकों से “खर्चा” के नाम पर पैसे मंगवाते थे, जो अजय की पत्नी तुलसी के खाते के माध्यम से निकाले जाते थे और उन्हें मैनेजर को देना पड़ता था।
एक विशेष प्रकरण में, ग्राम खाल्हे डुलहरी निवासी बजरू सिंह भारतीया को 15 लाख रुपये का लोन स्वीकृत किया गया, जिसमें से 7000 रुपये “खर्चा” के तौर पर मांगे गए। अजय ने बताया कि उनकी पत्नी की डिलीवरी के चलते उन्होंने 5000 रुपये उस समय खर्च कर दिए थे, और इसकी सूचना मैनेजर को दी थी। शिकायतकर्ता का यह भी कहना है कि जब उन्होंने यह कार्य करने से मना किया तो उन्हें जान से मारने और नौकरी से निकालने की धमकी दी गई। अंततः उन्हें 5 मई को यह कहकर फोन पर नौकरी से हटा दिया गया कि वे अब बैंक न आएं। उन्होंने आरोप लगाया कि मेनेजर और बैंक के अन्य अधिकारी बजरू सिंह पर भी बयान बदलने का दबाव बना रहे हैं और उन्हें डर है कि इस मामले में जबरन सच्चाई को छुपाया जा सकता है। पीड़ित अजय दास लारिया ने जिला प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की मांग की है।



